- मैक्सिको की फातिमा बॉश को आयोजकों ने मूर्ख कहा था।
- इसके विरोध में फातिमा संग सभी प्रतिभागी बॉकआउट कर गईं।
नई दिल्ली | बैंकॉक में हुई मिस यूनिवर्स – 2025 में आयोजकों ने जिस प्रतिभागी को बेवकूफ कहकर सबके सामने अपमानित कर दिया था, मैक्सिको की उस सौंदर्य प्रतिभागी फातिमा बॉश ने मिस यूनिवर्स का खिताब जीत लिया है।
मिस यूनिवर्स का ताज पहनतीं फातिमा बॉश (साभार – X/@MissUniverse)
25 साल की फातिमा बॉश फर्नांडीज ने जीत के बाद कहा, –
“मैं चाहती हूं कि मुझे लोग ऐसे व्यक्ति के रूप में याद करें जिसने मिस यूनिवर्स के पुराने ढर्रे (प्रोटोटाइप) को थोड़ा बदला है।”
20 मार्च को संपन्न हुई इस प्रतियोगिता में थाईलैंड की प्रवीणा सिंह फर्स्ट रनर-अप बनीं जो भारतीय मूल की हैं। जबकि वेनेजुएला की स्टेफनी एड्रियाना तीसरे स्थान पर रहीं।
मैक्सिको की फातिमा बॉश फर्नांडीज बनीं मिस यूनिवर्स 2025
क्या था विवाद ?
दरअसल बीते साल नवंबर में प्रतियोगिता के दौरान आयोजक व थाई नेशनल डायरेक्टर नवात इतसराग्रेसिल ने फातिमा को सरेआम फटकार लगाते हुए मूर्ख कहा। उनका आरोप था कि फातिमा ने प्रचार के नियमों का पालन नहीं किया।
फातिमा ने इस पर जब अपने बचाव में बोलना शुरू किया तो नवात ने सुरक्षाकर्मियों तक को बुला लिया था। इस बर्ताव के विरोध में फातिमा के साथ कई प्रतिभागी महिलाओं ने वॉकआउट कर दिया।
जिसमें 2024 की मिस यूनिवर्स विक्टोरिया कजेर भी शामिल रहीं। इस नारीवादी विरोध ने चर्चा पकड़ी।
इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा पकड़ी और मिस यूनिवर्स प्रतियोगिता के आयोजन पर सवाल खड़े हुए। मिस यूनिवर्स संगठन के अध्यक्ष राउल रोचा कैंटू ने इस घटना की निंदा की।
आयोजक नवात ने बाद में रोते हुए माफी मांगी थी।
मैक्सिको की राष्ट्रपति ने किया था समर्थन
दूसरी ओर, मैक्सिको की राष्ट्रपति क्लॉडिया शेनबाम भी फातिमा के समर्थन में खड़ी हो गई थीं। उन्होंने फातिमा के विरोध जताने की सराहना करते हुए कहा था-
“अक्सर लोग कहते हैं चुप महिलाएं सुंदर लगती हैं, फातिमा का उदाहरण बताता है कि महिलाएं तब ज्यादा सुंदर लगती हैं जब वे अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाती हैं।”

