नई दिल्ली |
बिहार विधानसभा चुनाव में सबसे चर्चित चेहरे बनकर उभरे नेताओं को बिहार की जनता ने विधानसभा भी पहुंचाया और कुछ को हार का मुंह देखना पड़ा है। इसमें सबसे चर्चा मैथिली ठाकुर, तेज प्रताप यादव, सम्राट चौधरी, खेसारी लाल यादव, स्नेहलता, लेशी सिंह जैसे चेहरों की रही। आइए जानते हैं कि जनता ने किस पर क्या फैसला किया।
मैथिली ठाकुर : सबसे युवा विधायक बनकर उभरीं
25 साल की लोकगायिका मैथिली ठाकुर को चुनाव से ठीक पहले राजनीति में लाकर भाजपा ने अलीनगर सीट से प्रत्याशी बनाया। उन्होंने 11,730 वोटों से आरजेडी के विनोद मिश्रा को हरा दिया। इस तरह वे बिहार की सबसे युवा विधायक बन गई हैं।
तेजस्वी यादव : कड़ी टक्कर के बाद जीते सके
राघोपुर सीट से तेजस्वी यादव को भाजपा प्रत्याशी सतीश कुमार यादव से कड़ी टक्कर मिली और दोपहर बाद जाकर वे लीड ले पाए और आखिर में 14,532 वोटों से जीत दर्ज की। शुरुआती रूझानों में वे काफी समय तक पीछे चल रहे थे जो चर्चा में रहा।
सम्राट चौधरी : अपनी घरेलू सीट से पहली बार विधायकी लड़े
नीतीश कुमार की सरकार में बीजेपी के कोटे से उपमुख्यमंत्री बनाए गए सम्राट चौधरी पहली बार विधायक का चुनाव लड़े और उन्होंने अपने पिता की पारंपरिक सीट रही तारापुर से बड़ी जीत दर्ज की। तारापुर सीट पर सम्राट चौधरी ने आरजेडी के अरुण कुमार को 45,843 वोटों से हराया है।
अनंत सिंह : बाहुबली सूरजभान की पत्नी को हराया
पटना की मोकामा सीट पर जनसुराज के काफिले पर हमला करके नेता की हत्या के आरोपी बाहुबली अनंत सिंह जीत गए। यहां से सूरजभान सिंह की पत्नी वीणा देवी को आरजेडी के टिकट दिया लेकिन वे 28 हजार सीटों से जीत गए। यहां जनसुराज के पीयूष प्रियदर्शी तीसरे नंबर पर रहे।
ओसामा शहाब : शहाबुद्दीन के बेटे ने जीत दर्ज की
सिवान के पूर्व सांसद और बाहुबली माने जाने वाले नेता शहाबुद्दीन के बेटे ओसामा शहाब ने 9248 वोटों से जीत दर्ज की है। उन्होंने जेडीयू के विकास कुमार सिंह को हराया। उन्हें टिकट देने को लेकर राजद की काफी आलोचना भी हुई थी।
तेज प्रताप : महुआ सीट से नंबर तीन रहे
आरजेडी से अलग होकर अपनी पार्टी बनाने वाले लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव की करारी हार हुई। महुआ सीट पर वे तीसरे नंबर पर रहे। इस सीट पर लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के उम्मीदवार संजय कुमार सिंह ने 44,997 वोटों से जीत दर्ज की।
मंगल पांडे : हेल्थ मिनिस्टर रहे पांडे दोबारा जीते
नीतीश सरकार में स्वास्थ्य मंत्री रहे मंगल पांडे ने 9370 वोटों से आरजेडी के अवध बिहारी चौधरी को हरा दिया।
विजय कुमार सिन्हा : चौथी बार जीते डिप्टी सीएम
नीतीश सरकार में उपमुख्यमंत्री और बीजेपी नेता विजय कुमार सिन्हा ने लखीसराय सीट से चौथी बार जीत हासिल की, जबकि इस बार माना जा रहा था कि उन्हें कड़ी टक्कर मिल रही है। विजय सिन्हा ने कांग्रेस के अमरेश कुमार को 24,940 वोटों से हराया।
राजेश राम : कुटुंबा सीट से कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की करारी हार
औरंगाबाद जिले के कुटुम्बा विधानसभा सीट पर बिहार कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष को करारी हार मिली है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम इस सीट से दो बार के विधायक थे, उन्हें NDA की ओर से ‘हम’ प्रत्याशी ललन राम ने 21525 वोटों से हराया है।
स्नेहलता : उपेंद्र कुशवाहा की पत्नी ने राजद प्रत्याशी को हराया
रोहतास ज़िले की सासाराम विधानसभा सीट से राष्ट्रीय लोक मोर्चा के मुखिया उपेंद्र कुशवाहा की पत्नी स्नेहलता जीत गई हैं। उन्होंने 25,443 वोटों से आरजेडी से सत्येंद्र साह को हराया। ये पहली बार चुनाव लड़ी हैं।
प्रीति किन्नर : इस चुनाव में लड़ी पहली थर्ड जेंडर उम्मीदवार
गोपालगंज के भोरेपुर विधानसभा से जन सुराज की प्रत्याशी प्रीति किन्नर काफी चर्चा में रहीं क्योंकि पूरे राज्य में चुनाव लड़ रहीं वे अकेली थर्ड जेंडर प्रत्याशी थीं। हालांकि वे चुनाव में तीसने नंबर पर रहीं। यहां से जेडीयू के सुनील कुमार ने 16,163 वोटों से जीत दर्ज की है।
अनीता देवी : वारसलीगंज सीट पर जदयू विधायक को हराया
नवादा जिले की वारिसलीगंज सीट पर राजद की अनीता महतो ने भाजपा की अरुणा देवी को हरा दिया। दोनों ही बाहुबली नेताओं की पत्नियां हैं और दोनों के बीच कांटे की टक्कर थी। अनीता महतो ने 7543 वोटों से सिटिंग विधायक को हराया।

