मुशहरी |
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट के थानेदार के ऊपर गंभीर आरोप लगा है कि रात में सिविल ड्रेस में उन्होंने एक ग्रामीण को गोली मार दी, जिससे मौके पर उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद थानेदार राजा कुमार की ओर से भी ग्रामीणों पर केस दर्ज कराया गया है कि उन्होंने पुलिस के ऊपर जानलेवा हमला किया। हमले मेें पुलिसकर्मी घायल भी हुए जिनका सदर अस्पताल में इलाज कराया गया।
इस पूरे मामले में शिकायत के बाद गायघाट थानेदार लाइन हाजिर कर दिए गए हैं, मामले की स्वतंत्र जांच मजिस्ट्रेट से कराए जाने की घोषणा हो चुकी है।
इस पूरे मामले ने 25 मार्च को और चर्चा पकड़ ली जब बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव मृतक जगतवीर राय के परिवार से मिलने चोरनिया गांव पहुंचे।
उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर मृतक के परिजनों को न्याय दिलाने का भरोसा दिया।
मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई जहां लोगों ने जमकर नारेबाजी की और आक्रोश जाहिर किया।
इस दौरान तेजश्वी यादव ने बिना नाम लिए मुजफ्फरपुर के एक बड़े नेता पर निशाना साधते हुए कहा कि “जो खुद को मुजफ्फरपुर का मुख्यमंत्री समझते हैं, उन्हें संरक्षण मिल रहा है। फिलहाल जनता धैर्य बनाए हुए है, लेकिन अगर लोग सड़कों पर उतर गए तो स्थिति संभालना मुश्किल हो जाएगा।”
इससे पहले उन्होंने पटना में कहा कि ‘शराब के नशे में पुलिसकर्मी ने यह हत्या की है।’
बता दें कि गायघाट थाना में हत्याकांड मामले में दो प्राथमिकी दर्ज की गई है। एक प्राथमिकी मृतक जगतवीर राय के पुत्र अविनाश कुमार और दूसरी तत्कालीन थानाध्यक्ष राजा कुमार की ओर दर्ज कराई गई है। पुलिस दोनों मामला दर्ज कर जांच कर रही है।
मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट प्रखंड मुख्यालय चौक पर सोमवार शाम जगतवीर राय हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर मशाल जुलूस निकाला गया। कर्पूरी स्मृति भवन से शुरू हुआ यह जुलूस सैकड़ों लोगों की भागीदारी के साथ निकाला गया।
