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20 नवंबर को 10वीं बार CM बनेंगे नीतीश कुमार, दो डिप्टी CM और 36 मंत्रियों पर आज NDA की बैटक में फैसला

नई दिल्ली |

बिहार में 20 नवंबर को नई सरकार शपथ लेगी, जिसमें नीतीश कुमार दसवीं बार बिहार के मुख्यमंत्री होंगे। जदयू(85) और भाजपा(89) की सीटें लगभग बराबर आने के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि सीएम की कुर्सी पर फिलहाल भाजपा कोई दावा नहीं करेगी।

इसके लिए दिल्ली में आज NDA की अहम बैठक होने जा रही है जिसमें मंत्रीमंडल को लेकर अहम फैसले होंगे। बैठक में शामिल होने के लिए जदयू के प्रमुख नेता ललन सिंह और संजय झा बीती रात दिल्ली के लिए निकल गए।

माना जा रहा है कि नई सरकार में NDA दोबारा दो उपमुख्यमंत्रियों का फॉर्मूला अपनाएगी। इसमें भाजपा के मुखर नेता सम्राट चौधरी का नाम लगभग तय है, जबकि दूसरे डिप्टी CM के नाम पर चर्चा जारी है।

यह भी खबरें हैं कि महिला चेहरे के तौर पर श्रेयशी सिंह को उपमुख्यमंत्री बनाया जा सकता है।

अब तक जो जानकारी सामने आई है, उससे नई सरकार का स्वरूप लगभग साफ़ होता दिख रहा है।

 

17 को इस्तीफा देने वाले थे पर तारीख बढ़ाई

नीतीश कुमार सोमवार (17 नवंबर) को कैबिनेट भंग करके इस्तीफा देने वाले थे, पर पार्टी सूत्रों का कहना है कि नई सरकार को लेकर गठबंधन के बीच फैसला न हो पाने के चलते उन्होंने कैबिनेट भंग करने का समय बढ़ा दिया। दरअसल इस सरकार की वैधता 22 नवंबर तक है, ऐसे में नीतीश ने 19 नवंबर को इस्तीफा देने का फैसला किया है। इस मीटिंग के बाद उन्होंने राज्यपाल से मुलाकात करके आगे की योजना बताई।

 

कैबिनेट का आकार और संभावित फार्मूला

नीतीश कुमार की नई कैबिनेट में 36 मंत्रियों की संभावना है, ऐसा केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने कहा है।

NDA के सहयोगी दल HAM के प्रमुख जीतनराम मांझी का कहना है कि नई सरकार में 35-36 मंत्री हो सकते हैं। जिसमें बीजेपी के 16, जदयू के 15, लोजपा (रामविलास) के 3, और HAM-RLM को 1–1 मंत्री पद मिलने की संभावना है।

दोनों प्रमुख दल (BJP–JDU) 6 विधायकों पर 1 मंत्री का फॉर्मूला लागू कर रहे हैं। इसी वजह से मंत्रियों की संख्या लगभग बराबर रखने पर सहमति बन रही है।

 

स्पीकर पद पर दोनों की दावेदारी

स्पीकर पद को लेकर जदयू और भाजपा दोनों की दावेदारी बनी हुई है। इस रेस में रामकृपाल यादव और प्रेम कुमार आगे बताए जा रहे हैं।

 

शपथ ग्रहण समारोह की तैयारी 

राजधानी पटना के गांधी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां तेज हो गई हैं और इसे आम लोगों के लिए बंद कर दिया गया है।  मुख्य मंच को वीवीआईपी सुरक्षा मानकों के अनुरूप तैयार किया जा रहा है। पंडाल, बैरिकेडिंग, साउंड सिस्टम, प्रकाश व्यवस्था और आगंतुकों की बैठने की व्यवस्था का काम तेज गति से चल रहा है। प्रमंडलीय आयुक्त अनिमेश कुमार पराशर और रेंज आईजी जितेंद्र राणा ने सोमवार को स्थल का निरीक्षण किया और अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। आज पूरे दिन पंडाल निर्माण की सामग्री मैदान में उतारी गई।

10 साल बाद गांधी मैदान में शपथ

गांधी मैदान में आख़िरी बार वर्ष 2015 में शपथ ग्रहण समारोह हुआ था। इससे पहले 2005 और 2010 में भी यहीं पर नए मंत्रिमंडल ने शपथ ली थी। 2020 में कोरोना काल के कारण यह आयोजन राजभवन में हुआ था। इस बार फिर से ऐतिहासिक गांधी मैदान में बड़े पैमाने पर आयोजन किया जा रहा है।

समारोह में प्रधानमंत्री और कई राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल होंगे।

 

अधिकारियों की छुट्टियां रद्द, 20 नवंबर तक रोक

पटना DM ने नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह को देखते हुए 20 नवंबर तक सभी अधिकारियों की छुट्टियों पर रोक लगा दी है। जिला, अनुमंडल और प्रखंड स्तर के अधिकारी—सभी को ड्यूटी पर रहना होगा। विशेष परिस्थिति में छुट्टी चाहिए तो अनुमति लेकर ही मुख्यालय छोड़ सकेंगे।

 

NDA की बड़ी जीत और राजद में उठे सवाल

हाल ही में हुए दो चरणों के विधानसभा चुनावों में NDA ने 243 में से 202 सीटें जीतकर शानदार बढ़त हासिल की। BJP 89 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी, जबकि जदयू ने 85 सीटें जीतीं।

इधर राजद में हार के बाद बयानबाज़ी जारी है। रोहिणी आचार्य के बाद अब शिवानंद तिवारी ने भी तेजस्वी यादव पर निशाना साधा है। समीक्षा बैठक के दौरान तेजस्वी को विधायक दल का नेता चुना गया, लेकिन पार्टी के अंदर असंतोष जारी है।

 

आज की बैठक से साफ़ होगा मंत्रिमंडल का ढांचा

दिल्ली में हो रही NDA की बैठक में ही अंतिम रूप से तय होगा कि दो डिप्टी CM कौन होंगे, स्पीकर किसे बनाया जाएगा और किस दल से कितने मंत्री शामिल होंगे। शाम तक पूरी तस्वीर सामने आने की संभावना है।

 

नए विधायकों के आवास तैयार, 246 डुप्लेक्स सौंपे जाने की तैयारी

सरकार गठन से पहले नवनिर्वाचित विधायकों के लिए 44 एकड़ में बनाए गए 246 सरकारी डुप्लेक्स तैयार कर लिए गए हैं। हर आवास पर निर्वाचन क्षेत्र संख्या और विधानसभा क्षेत्र का नाम अंकित किया गया है। बताया जा रहा है कि शपथ ग्रहण के बाद इन आवासों का आवंटन शुरू होगा।


सत्ता में रहने के लिए लगातार दल बदला, 9 वार सीएम की शपथ ली

  1. 3 मार्च 2020 – 7 दिन के लिए पहली बार सीएम बने।
  2. 24 नवंबर 2005 – दूसरी पर सीएम बने और पांच साल सरकार चलाई।
  3. 26 नवंबर 2010 – BJP के साथ गठबंधन में तीसरी बार सीएम बने।
  4. 22 फरवरी 2015 – 2014 के आम चुनाव में हार की नैतिक जिम्मेदारी लेकर पद छोड़ने के बाद वे 2015 में जीतनराम मांझी के सीएम पद छोड़ने पर चौथी बार सीएम बने।
  5. 20 नवंबर 2015 – महागठबंधन में शामिल होकर चुनाव लड़े और पांचवीं बार सीएम की शपथ ली।
  6. 27 जुलाई 2017 – महागठबंधन से अलग होकर NDA में चले गए और छठी बार सीएम की शपथ ली।
  7. 16 नवंबर 2020 –  बीजेपी के सहयोग से नीतीश कुमार ने सातवीं बार सरकार बनाई जबकि जदयू चुनाव में तीसरे नंबर की पार्टी थी।
  8. 10 अगस्त 2022 – सरकार बनाने के लिए नीतीश ने राजद का समर्थन लिया और आठवीं बार सीएम बने। तेजस्वी डिप्टी सीएम बनाए गए।
  9. 28 जनवरी 2024 – लोकसभा चुनाव से ठीक पहले नीतीश ने राजद से गठबंधन तोड़ा और NDA में वापसी करके नौवीं बार सीएम बने।
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