Connect with us

जनहित में जारी

बिहार : गाेपालगंज में बेटे ने 100 रुपये के लिए मां का गला रेता

Published

on

गोपालगंज जिले के बैकुंठपुर थाना क्षेत्र उसरी बिनटोली में घटना की जानकारी देते मृतका के पति गणेश रावत। (गाेपालगंज संवाददाता )
गोपालगंज जिले के बैकुंठपुर थाना क्षेत्र उसरी बिनटोली में घटना की जानकारी देते मृतका के पति गणेश रावत। (गाेपालगंज संवाददाता )
  • नशे में आया था आरोपी, रुपये न देने पर कर दी हत्या  
  • वारदात के बाद गुस्साए लोगों ने जमकर पीटा, गिरफ्तार
  • नशे का आदी है आरोपी और दो पत्नियां उसे छोड़ चुकीं

 

गोपालगंज | आलोक कुमार 

बिहार (Bihar) में शराबबंदी के बीच नशे में घर पहुंचे एक बेटे ने मात्र 100 रुपये के लिए अपनी मां की गला रेतकर हत्या कर दी। यह वारदात गाेपालगंज जिले की है, वहां के बैकुंठपुर थाना क्षेत्र उसरी बिनटोली में रविवार शाम (22 Feb) को यह घटना हुई। हमले के बाद गुस्साए लोगों ने आरोपी को जमकर पीटा और पुलिस के हवाले किया। पुलिस ने आरोपी रामभरोसे रावत को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है। मृतका की पहचान सुमित्रा देवी (55) के रूप में हुई है।

वारदात के समय अकेली थी मां

आरोपी रामभरोस रावत। (गाेपालगंज संवाददाता )

आरोपी रामभरोसे रावत को जमकर हुई पिटाई के बाद अस्पताल में भर्ती किया गया। (गाेपालगंज संवाददाता )

मृतका के पति गणेश रावत के अनुसार उनका बेटा शराब पीकर आया था, उस समय घर पर उनकी पत्नी अकेली थी। वह दोस्तों के साथ बाहर काम पर थे। उन्होंने बताया कि वह अपनी मां से सौ रुपये मांग रहा था, लेकिन उसकी मां के पास नहीं थे। शराब पीकर गुस्साए बेटे ने घर में रखे धारदार हथियार से ही अपनी मां का गला रेत दिया। मौके पर ही उनकी पत्नी की तड़प-तड़प कर मौत हो गई। चीख-पुकार सुनकर पहुंचे ग्रामीणों ने जब खून से लथपथ शव देखा तो आक्रोशित भीड़ ने भागने की कोशिश कर रहे आरोपी बेटे को पकड़ लिया और उसकी जमकर धुनाई कर दी। उन्होंने बताया कि उनका बेटा नशे का आदी है और उसने दो शादी की हैं। उसकी दोनों पत्नियों ने उससे तंग आकर उसे छोड़ दिया है।

आरोपी से पूछताछ जारी, धारधार हथियार बरामद

घटना की जानकारी देते सदर एसडीपीओ 2 राजेश कुमार।  (गाेपालगंज संवाददाता )

घटना की जानकारी देते सदर एसडीपीओ 2 राजेश कुमार।  (गाेपालगंज संवाददाता )

सदर एसडीपीओ 2 राजेश कुमार ने बताया कि बैकुंठपुर थाना क्षेत्र के उसरी बिनटोली में सुमित्रा देवी को उनके ही बेटा द्वारा गला काटकर हत्या कर देने की सूचना प्राप्त हुई। वह पुलिस बल के साथ तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे और घटना का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि पुलिस ने आरोपी रामभरोसे रावत को गिरफ्तार कर शव को पोस्टमार्टम के लिए मॉडल अस्पताल भेज दिया है। आरोपी को अस्पताल में भर्ती कर पूछताछ की जा रही है। घटना में प्रयुक्त धारधार हथियार भी बरामद कर लिया गया है।

जनहित में जारी

बिहार की सड़कों पर सुरक्षित पैदल चल सकेंगे: सरकार ने दिए बड़े निर्देश, जानिए क्या बदलेगा?

Published

on

By Heba Aisha - Own work, CC BY-SA 4.0, Link
बिहार की भीड़भाड़ वाली सड़कों पर फुटपाथ निर्माण का काम शुरू होगा। (प्रतीकात्मक तस्वीर)
  • सड़क सुरक्षा को लेकर बिहार सरकार का बड़ा कदम पर योजना स्पष्ट नहीं।

पटना | हमारे संवाददाता

बिहार सरकार ने पैदल यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए बड़ा ऐलान किया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार सुबह अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट कर कहा कि राज्य की सड़कों पर बढ़ते वाहनों के बीच पैदल चलने वालों को सम्मान और सुविधा मिलेगी। अपनी घोषणा में मुख्यमंत्री ने कहा है कि राज्य की सड़कों पर फुटपाथ, जेब्रा क्रॉसिंग व ऐसी सुविधायें बढ़ाई जाएंगी जिससे पैदल चलने वालोे की सुरक्षा सुनिश्चित हो। गौरतलब है कि बिहार में सड़कों पर पैदल चलने के लिए या तो फुटपाथ है ही नहीं, या फिर वे जगह-जगह टूटे या अतिक्रमण से घिरे हैं, जिससे राहगीरों को सड़क पर चलने को विवश होना पड़ता है और वे दुर्घटना के शिकार हो जाते हैं। ऐसे में यह घोषणा काफी अहम मानी जा रही है।

सभी बड़ी सड़कों पर ये बदलाव होंगे 

सरकार के ‘सात निश्चय-3’ (2025-2030) के सातवें निश्चय ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ के तहत परिवहन विभाग को 5 बड़े निर्देश दिए गए हैं।

  • भीड़-भाड़ वाले शहरी और ग्रामीण इलाकों में जल्द फुटपाथ बनाए जाएंगे।
  • चिह्नित जगहों पर जेब्रा क्रॉसिंग मार्क की जाएगी।
  • व्यस्त स्थानों पर फुट ओवर ब्रिज (एस्केलेटर सहित) और अंडरपास का निर्माण होगा।
  • वाहन चालकों को पैदल यात्रियों के अधिकारों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा।
  • ग्रामीण-शहरी ब्लैक स्पॉट्स (दुर्घटना-प्रवण जगहें) चिह्नित कर फुटपाथ बनाए जाएंगे और CCTV कैमरे लगाए जाएंगे, ताकि दुर्घटनाओं का आकलन हो और कमी लाई जा सके।

बिहार में पैदल यात्रियों की मौतें आम

बिहार में पैदल यात्री की स्थिति सबसे दयनीय और असुरक्षित है। सड़क परिवहन व राज्यमार्ग मंत्रालय (MoRTH) की 2022 रिपोर्ट के अनुसार, बिाहर में हर सौ सड़क दुर्घटनाओं में मौत का प्रतिशत सबसे ज्यादा 82.4 फीसदी है। यानी रोड एक्सीडेंट के दस पीड़ित में से सिर्फ दो लोगों की जान ही बच पाती है।

पैदल यात्रियों की मौतों की बात करें तो राष्ट्रीय स्तर पर 19.5% हैं, लेकिन बिहार जैसे राज्यों में यह अनुपात ज्यादा है। 2019-2023 में भारत में 1.5 लाख पैदल यात्रियों की मौत हुई, जिसमें बिहार का बड़ा हिस्सा है।

बिहार की सड़कों पर फुटपाथ का हाल

कई सड़कों पर फुटपाथ या तो नहीं हैं या घुसपैठ से अवरुद्ध हैं। ब्लैक स्पॉट्स पर CCTV या सुरक्षित क्रॉसिंग की कमी से दुर्घटनाएं बढ़ती हैं। पटना में कुछ जगहों पर फुटपाथ (जैसे बेली रोड, JP गंगा पथ) और अंडरपास (पटना जंक्शन से मल्टी-मॉडल हब) हैं, लेकिन अन्य शहरों में सुविधाएं सीमित या निर्माणाधीन हैं।

नए कदमों से क्या लाभ हो सकता है?

  • सुरक्षित क्रॉसिंग और फुटपाथ से पैदल यात्रियों की दुर्घटनाएं 20-30% तक कम हो सकती हैं (राष्ट्रीय स्तर पर समान उपायों से देखा गया)।
  • ब्लैक स्पॉट्स पर CCTV से मॉनिटरिंग और तेज कार्रवाई संभव होगी।
  • वाहन चालकों का प्रशिक्षण संवेदनशीलता बढ़ाएगा, जिससे ओवर-स्पीडिंग और लेन अनुशासन में सुधार आएगा।
  • कुल मिलाकर, दैनिक जीवन आसान होगा, बुजुर्गों/बच्चों की सुरक्षा बढ़ेगी और राज्य की सड़क सुरक्षा रैंकिंग सुधरेगी।

निर्देश तो सराहनीय पर बजट का पता नहीं  

सरकार ने परिवहन विभाग को इसको लेकर तेजी से काम करने के निर्देश हैं, लेकिन स्पष्ट राशि का उल्लेख नहीं है। हालांकि राज्य बजट में सड़क विकास और सुरक्षा के लिए आवंटन बढ़ रहा है। पिछले वर्षों में राष्ट्रीय राज्यमार्ग व शहरी सड़कों पर हजारों करोड़ रुपये का खर्च हुआ है। माना जा रहा है कि यह  प्रोजेक्ट उसी से फंडेड होंगे। इसको लेकर विभाग जल्द ही कार्य योजना बनाएगा।

बता दें कि ये काम ‘सात निश्चय-3’ योजना के तहत होंगे, जिसे हाल ही में कैबिनेट ने मंजूरी दी है। योजना का फोकस ‘Ease of Living’ पर है, जिसमें सड़क सुरक्षा शामिल है।

Continue Reading

जनहित में जारी

बिहार : भाजपा विधायक ने अपनी सरकार के शिक्षा विभाग पर लगाया भ्रष्टाचार का आरोप, बोले- ₹2425 करोड़ का घोटाला हुआ

Published

on

हिसुआ विधायक अनिल सिंह के आरोप से शिक्षा विभाग के काम पर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। (फाइल फोटो)
हिसुआ विधायक अनिल सिंह के आरोप से शिक्षा विभाग के काम पर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। (फाइल फोटो)
  • हिसुआ विधायक अनिल सिंह के आरोपों से सदन में हंगामा मचा।
  • विधायक बोले- रखरखाव के नाम पर करोड़ो रुपये का घोटाला।

नवादा/पटना | अमन कुमार सिन्हा 

बिहार के भाजपा विधायक ने विधानसभा में NDA सरकार के शिक्षा विभाग के ऊपर बड़े भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। नवादा जिले की हिसुआ विधानसभा से विधायक अनिल सिंह ने शिक्षा विभाग में 2425 करोड़ रुपये की अनियमितता का बड़ा आरोप लगाकर जांच की मांग की। गौरतलब है कि NDA सरकार में भाजपा प्रमुख सहयोगी है, ऐसे में भाजपा विधायक का सवाल उठाना मायने रखता है।

भाजपा विधायक के साथ अन्य सांसदों ने भी शिक्षा मंत्री के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। फिर आखिर में शिक्षा मंत्री सुनील कुमार को कहना पड़ा कि वे इस मामले की जांच करवाएंगे।

विधानसभा में बोलते शिक्षा मंत्री सुनील कुमार (credit - Facebook/Sunil Kumar)

विधानसभा में बोलते शिक्षा मंत्री सुनील कुमार (credit – Facebook/Sunil Kumar)

भाजपा विधायक अनिल सिंह ने सदन में कहा कि शिक्षा विभाग द्वारा रखरखाव और अन्य मदों पर खर्च किए गए 2425 करोड़ रुपये में गड़बड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि यह राशि निविदा के माध्यम से खर्च की गई है। उन्होंने शिक्षा मंत्री को चुनौती देते हुए इस मामले की पूरी तरह जांच कराने की मांग की।

विधायक ने आरोप लगाया कि शिक्षा विभाग के डीओ, डीपीओ स्थापना और संबंधित इंजीनियरों द्वारा राशि का दुरुपयोग किया गया है। अनिल सिंह ने विधानसभा में इस मामले की विस्तृत जांच के लिए एक कमेटी गठित करने की मांग की।

By Bihar Government - Bihar Government website, <a href="https://creativecommons.org/licenses/by-sa/4.0" title="Creative Commons Attribution-Share Alike 4.0">CC BY-SA 4.0</a>, <a href="https://commons.wikimedia.org/w/index.php?curid=83254005">Link</a>

बिहार विधानसभा

उन्होंने कहा कि भवन निर्माण के लिए शिक्षा विभाग को मिले 2425 करोड़ रुपये में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा हुआ है। इस मुद्दे पर सदन में खूब बहस हुई, जिसके बाद सभी विधायकों ने एक स्वर में शिक्षा विभाग के खिलाफ आवाज उठाई।

आखिर में शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने बताया कि जिलाधिकारी (DM) को जांच के आदेश दिए गए हैं और जांच से संबंधित सभी जानकारी विधायकों को भी उपलब्ध कराई जाएगी।

Continue Reading

जनहित में जारी

लखीसराय में कल भूमि सुधार को लेकर सुनवाई करेंगे डिप्टी सीएम विजय सिन्हा

Published

on

  • 15 दिसंबर को लखीसराय नगर भवन में पहली बार राजस्व मंत्री के रूप में विजय कुमार सिन्हा सुनवाई करेंगे।

लखीसराय |

राज्य के उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने भूमि से जुड़ी हर समस्या के समाधान के लिए भूमि सुधार जनकल्याण संवाद अभियान शुरू किया है।

इस अभियान के तहत 15 दिसंबर को लखीसराय नगर भवन में पहली बार राजस्व मंत्री के रूप में विजय कुमार सिन्हा राजस्व विभाग के सभी पदाधिकारी की मौजूदगी में जिले के लोगों से भूमि सबंधित शिकायतें, समस्याओं को सुनेंगे।

साथ ही जिले में राजस्व सेवाओं की प्रगति की भी समीक्षा बैठक करेंगे। जिले में यह पहला मौका होगा जब विभागीय मंत्री के दरबार में सीओ, आरओ से लेकर डीसीएलआर, एडीएम के कामकाज की गहन समीक्षा होगी। खास कर जिले के सभी सीओ और राजस्व पदाधिकारी का भी इस बैठक में लिटमस टेस्ट होगा।

जानकारी हो कि जिलाधिकारी मिथिलेश मिश्र और एडीएम नीरज कुमार द्वारा हाल ही में राजस्व विभाग की जब समीक्षा की गई तो पाया गया कि सीओ और आरओ की उदासीनता के कारण जिले में दाखिल खारिज, परिमार्जन प्लस सहित अन्य राजस्व सेवाओं की प्रगति ठीक नही है।

Continue Reading
Advertisement

Categories

Trending