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रिपोर्टर की डायरी

UP : बरेली प्रशासन ने फिर चलाया बुलडोजर, ‘अतिक्रमण हटाओ अभियान’ पर उठे सवाल

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बरेली में बुलडोजर कार्रवाई जारी।
  • सैलानी के बाद अब कटघर इलाके में दुकानों के बाहर के ‘अवैध निर्माण’ पर बुलडोजर चला।
  • मौलाना तौकीर रज़ा खान के एक और करीबी पर ऐक्शन, अवैध बताकर बारातघर सील किया।

बरेली |

बरेली प्रशासन की बुलडोजर कार्रवाई लगातार जारी है और बरेली हिंसा के जुड़े आरोपियों की संपत्तियों को लगातार सील भी किया जा रहा है। इसी क्रम में सोमवार को कटघर किला क्रॉसिंग के पास दुकानों के बाहर ‘अवैध निर्माण’ पर बुलडोजर चला।

यह दूसरा मौका है जब ऐसे इलाकों में अतिक्रमण अभियान चला है, जहां के निवासियों को 26 सितंबर की हिंसा में आरोपी बनाया गया है। इससे पहले सैलानी इलाके में ‘अतिक्रमण हटाओ अभियान’ चलाया गया था।

तौकीर रज़ा के करीबी व पूर्व पार्षद का बारात घर सील 

दूसरी ओर, मौलाना तौकीर रजा के एक और करीबी व सपा के पूर्व पार्षद वाजिद बेग के फरीदापुर चौधरी स्थित बारात घर को BDA ने सील कर दिया गया है। बीडीए अफसरों के मुताबिक, अवैध तरीके से बरातघर का निर्माण कराया था। कई बार रोकने के बावजूद निर्माण नहीं रोका गया इसलिए यह कार्रवाई की गई है।

कटघर किला क्रॉसिंग के पास बुलडोजर चला

बरेली में नगर निगम के ‘अतिक्रमण हटाओ दस्ते’ ने अधिकारियों और सुरक्षा कर्मियों के साथ सोमवार को दोपहर 1:30 बजे कटघर किला क्रॉसिंग के निकट अपनी मार्केट के बाहर अतिक्रमण पर बुलडोजर चला दिया। इस दौरान दुकानों के बाहर और नाले-नालियों पर हुए अतिक्रमण को हटाया गया।

बरेली में शनिवार को फिर हुई बुल्जोडर कार्रवाइयां।

बरेली में शनिवार को फिर हुई बुल्जोडर कार्रवाइयां।

यह कार्रवाई जहां हुई है, वह स्थान कटघर पार्क के बाहर का है। कुछ ही दिनों में नगर निगम यहां एक पार्क विकसित करने वाला है। आसपास के लोगों ने बताया कि अतिक्रमण हटाकर नगर निगम ने सही काम किया है लेकिन अन्य जगहों पर भी अतिक्रमण है। उस पर भी समान रूप से कार्रवाई होनी चाहिए।

इससे पहले सैलानी में चला था बुलडोजर 
बवाल में जहां के आरोपी ज्यादा शामिल थे, नगर निगम का अभियान उन इलाकों में चल रहा है जो सवाल खड़े करता है। इससे पहले सैलानी में अतिक्रमण पर कार्रवाई की गई थी। सैलानी के कई लोग भी 26 सितंबर के बवाल में आरोपी बनाए थे।

अफसर ने कार्रवाई का बचाव किया

प्रवर्तन दल के प्रभारी कर्नल सीबी जोशी ने इन कार्रवाइयों का बचाव किया है। उनका कहना है कि –

“यह नगर निगम की एक नियमित कार्रवाई है जो आगे भी अवैध अतिक्रमण के खिलाफ जारी रहेगी।”

प्रवर्तन दल के प्रभारी के साथ 30 से अधिक कर्मचारियों व सुरक्षा कर्मियों ने एक जेसीबी के जरिए ‘अतिक्रमण हटाओ अभियान’ चलाया।

 

 

बोलते पन्ने.. एक कोशिश है क्लिष्ट सूचनाओं से जनहित की जानकारियां निकालकर हिन्दी के दर्शकों की आवाज बनने का। सरकारी कागजों के गुलाबी मौसम से लेकर जमीन की काली हकीकत की बात भी होगी ग्राउंड रिपोर्टिंग के जरिए। साथ ही, बोलते पन्ने जरिए बनेगा .. आपकी उन भावनाओं को आवाज देने का, जो अक्सर डायरी के पन्नों में दबी रह जाती हैं।

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बिहार : बिना हथकड़ी हिस्ट्रीशीटर को लग्जरी गाड़ी से कोर्ट ले गई मधेपुरा पुलिस, रील भी बनी

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मधेपुरा | रजनीश सिंह

बिहार के एक हिस्ट्रीशीटर को बिना हथकड़ी लगाए एक लग्जरी गाड़ी में कोर्ट ले जाने की रील बनाई गई और फिर उसे सोशल मीडिया पर वायरल कराकर हिस्ट्रीशीटर का प्रचार किया गया। इस रील के वायरल होने के बाद मधेपुरा पुलिस के ऊपर हिस्ट्रीशीटर को वीआईपी ट्रीटमेंट देने का गंभीर आरोप लगा। सोशल मीडिया पर पुलिस की आलोचना होने के बाद एसपी ने जांच के आदेश दिए और अब कड़ा ऐक्शन हुआ है।

हिस्ट्रीशीटर अंकज कुमार उर्फ लल्लू यादव का वीडियो वायरल होने के बाद एक एसआई और दो चौकीदारों को सस्पेंड किया गया है। सस्पेंड होने वाले एसआई राम उदय कुमार और दो चौकीदार अनिल कुमार व मोहम्मद रसूल हैं। तीनों से 24 घंटे में स्पष्टीकरण देने को कहा गया है कि उन्होंने कुख्यात अपराधी को वीआईपी ट्रीटमेंट आखिर क्यों दिया?

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गोपालगंज : फाइलेरिया रोकने की दवा खाने के बाद स्कूली बच्चे बीमार

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  • गोपालगंज के हरखुआ माध्यमिक विद्यालय में 15 बच्चे बीमार पड़े।
  • 58 बच्चों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाई, फिर तबीयत बिगड़ी।
  • सभी बच्चों को सदर अस्पताल ले जाकर भर्ती कराया, सभी सुरक्षित।

गोपालगंज | आलोक कुमार 

बिहार के गोपालगंज में फाइलेरिया रोधी दवा खिलाए जाने के बाद स्कूली बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ने से हड़कंप मच गया। स्कूल में अभिभावकों ने पहुंचकर हंगामा किया, हालांकि टीचरों ने उन्हें समझाने की कोशिश की। इस बीच हेडमास्टर ने एंबुलेंस बुलाकर 15 बीमार बच्चों को सदर अस्पताल में एडमिट कराया है। बता दें कि हाथी पांव या फाइलेरिया की रोकथाम के लिए दो साल से बड़े बच्चों को यह दवा खिलाई जाती है, जो एकदम सुरक्षित है।

गोपालगंज में बच्चों की तबीयत खराब होने की घटना शहर के हरखुआ गांव के एक माध्यमिक विद्यालय में घटी। हेडमास्टर कृष्ण मुरारी पांडे ने बताया कि स्कूल में 27 फरवरी को 58 बच्चे मौजूद थे। सभी बच्चों ने मिड डे मील खाया। फिर दोपहर करीब 3:00 बजे आशा वर्करो  ने स्कूल आकर सभी 58 बच्चों को फाइलेरिया और एल्बेंडाजोल की गोलियां दीं।

प्रिंसिपल ने बताया कि दवा खाते ही कुछ बच्चों को अचानक नींद आने लगी और वे सोने लगे, जबकि कुछ को उल्टी हुई।

इस बारे में सिविल सर्जन वीरेंद्र प्रसाद ने बताया कि फाइलेरिया से बचाव की दवा खाने के बाद कुछ बच्चों में गैस बनने की शिकायत हो सकती है, जिससे उल्टी या पेट दर्द महसूस होता है। साथ ही उन्होंने कहा कि कई बार डर के कारण भी बच्चों को ऐसी समस्या होती है, इसमें किसी तरह की चिंता की बात नहीं है।

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शराब तस्करी में जेल गए आरोपी की मौत, परिवार बोला- हत्या हुई, जेल प्रशासन ने हार्टअटैक बताया

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परिजनों को बंदी की तबीयत खराब बताई गई, जब वे अस्पताल पहुंचे तो शव देखकर हंगामा किया। (तस्वीर - बक्सर संवाददाता)
परिजनों को बंदी की तबीयत खराब बताई गई, जब वे अस्पताल पहुंचे तो शव देखकर हंगामा किया। (तस्वीर - बक्सर संवाददाता)
  • बक्सर सेंट्रल जेल में बंदी की मौत होने से उठे सवाल।
  • शराब तस्करी के आरोप में जेल में 14 दिन से था बंदी।
  • जेल में अचानक हुई मौत को परिजनों ने बताया हत्या।

बक्सर | अमीषा कुमारी

बिहार में शराब तस्करी के आरोप में हिरासत में लिए गए एक व्यक्ति की मौत बक्सर सेंट्रल जेल में हो गई है। बीती 12 फरवरी को उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। परिजनों का आरोप है कि जेल में उसके साथ मारपीट हुई, उसके शरीर पर लाल निशान हैं। परिजनों ने न्याय की मांग करते हुए सदर अस्पताल में हंगामा किया, तब मौके पर पुलिस पहुंची।अब मेडिकल बोर्ड की निगरानी में मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। इस मामले में जेल प्रशासन ने उत्पीड़न के आरोपों से इनकार किया है।

दरअसल 40 साल के राजेंद्र सिंह को बक्सर पुलिस पकड़कर ले गई थी और 12 फरवरी को उसे जेल भेजा गया था। राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र के विराट नगर के रहने वाले थे।  मृतक के बड़े भाई राजू कुमार ने आरोप लगाया कि गिरफ्तार करने के दौरान ही पुलिस ने राजेंद्र के साथ मारपीट की थी, जबकि वह बीमार चल रहा था। राजू का आरोप है कि “जेल भेजने के बाद भी भाई को पीटा गया। शरीर पर मौजूद लाल निशान साफ बता रहे हैं कि उसकी हत्या हुई है।

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